शुक्रवार, 29 नवंबर 2013

उक्ति - 23

मानव साथी मानव का उचित मान-सम्‍मान तभी कर सकता है जब वह खुद को भलीभांति समझ चुका हो। क्‍या हम सब खुद को अच्‍छी तरह से समझ सके हैं? यह प्रश्‍न सभी को स्‍वयं से अवश्‍य पूछना चाहिए और हो सके तो इसका ईमानदार उत्‍तर ही दिया जाना चाहिए।

मंगलवार, 19 नवंबर 2013